भूजल संरक्षण केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि हर नागरिक की जिम्मेदारी: स्वतंत्र देव

भूजल संरक्षण केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि हर नागरिक की जिम्मेदारी: स्वतंत्र देव

उत्तर प्रदेश में भूजल संरक्षण और वर्षा जल संचयन को जनआंदोलन बनाने के उद्देश्य से आयोजित सात दिवसीय ‘भूजल सप्ताह-2026 (Groundwater Week-2026) का गोमतीनगर स्थित भागीदारी भवन में समापन हो गया। इस समापन समारोह की अध्यक्षता प्रदेश के जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने की।

इस वर्ष भूजल सप्ताह की मुख्य थीम “जल संरक्षण का करें संकल्प, इसका नहीं है कोई विकल्प” रखी गई थी। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन, सरस्वती वंदना और जल कलश पूजन से हुई, जिसके बाद सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और नुक्कड़ नाटक के जरिए जल संचयन का संदेश दिया गया।

समापन समारोह को संबोधित करते हुए जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि भूजल संरक्षण केवल सरकारी अभियान नहीं, बल्कि हर नागरिक की नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2021 से 2025 के आंकड़ों के विश्लेषण के अनुसार, प्रदेश के 29 जिलों में औसत भूजल स्तर में उल्लेखनीय सुधार दर्ज किया गया है, जो वर्षा जल संचयन और जनभागीदारी का सुखद परिणाम है।

वहीं, जल निगम ग्रामीण के प्रबंध निदेशक राजशेखर ने बताया कि उत्तर प्रदेश की 90 प्रतिशत घरेलू, 85 प्रतिशत औद्योगिक और 83 प्रतिशत सिंचाई जरूरतें भूजल पर ही आधारित हैं।

सप्ताह भर चले इस विशेष अभियान में 17 से 21 जुलाई के दौरान स्वच्छता अभियान, कार्यशालाओं, रैलियों और जनसंवाद के माध्यम से लाखों लोगों को जल सुरक्षा से जोड़ा गया।