देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (CM Dhami) ने कहा कि प्रधानमंत्री का प्रस्तावित उत्तराखण्ड दौरा और दिल्ली–देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर का उद्घाटन राज्य के लिए एक “ऐतिहासिक अवसर” है, जिसे जनभागीदारी के साथ भव्य और यादगार बनाया जाना चाहिए।
मुख्यमंत्री आवास में आयोजित उच्चस्तरीय बैठक में धामी (CM Dhami) ने सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम की रूपरेखा आकर्षक और सुव्यवस्थित होनी चाहिए, जिससे यह आयोजन केवल एक सरकारी कार्यक्रम न रहकर जन-उत्सव का रूप ले सके।
उन्होंने विशेष रूप से उत्तराखण्ड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित करने पर जोर देते हुए कहा कि गढ़वाली, कुमाऊनी और जौनसारी लोकनृत्य एवं संगीत को भव्य रूप से शामिल किया जाए। कार्यक्रम स्थल को पारंपरिक और आधुनिक साज-सज्जा के समन्वय से सजाने तथा स्थानीय कलाकारों की व्यापक भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
मुख्यमंत्री (CM Dhami) ने आमजन से इस आयोजन में सक्रिय सहभागिता की अपील करते हुए कहा कि लोग प्रधानमंत्री के रोड शो के दौरान राष्ट्रीय ध्वज के साथ शामिल हों और पूरे प्रदेश में उत्सव जैसा माहौल बनाएं। साथ ही, कार्यक्रम से पहले प्रदेशभर में स्वच्छता अभियान चलाने के निर्देश देते हुए कहा कि जनप्रतिनिधि, प्रशासन और आम नागरिक मिलकर इसे स्वच्छ और यादगार बनाएं।
दिल्ली–देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर के महत्व पर प्रकाश डालते हुए धामी ने कहा कि यह परियोजना राज्य के विकास को नई दिशा देगी। इससे दिल्ली और देहरादून के बीच यात्रा समय में कमी आएगी और पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही औद्योगिक और व्यावसायिक गतिविधियों में वृद्धि के साथ रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
उन्होंने (CM Dhami) कहा कि यह कॉरिडोर परिवहन, लॉजिस्टिक्स और निवेश के क्षेत्र में महत्वपूर्ण बदलाव लाएगा और राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगा। मुख्यमंत्री ने इसे उत्तराखण्ड के विकास के इतिहास में एक “स्वर्णिम अध्याय” बताया।
बैठक में राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जिनमें सचिव शैलेश बगौली, कमिश्नर विनय शंकर पांडे, जिलाधिकारी देहरादून सविन बंसल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून और अपर सचिव बंशीधर तिवारी शामिल थे।
