Grok AI बना X के लिए खतरा? UK में बैन की चेतावनी

Grok AI बना X के लिए खतरा? UK में बैन की चेतावनी

माइक्रोब्लॉगिंग प्लेटफॉर्म X पर Grok AI की वजह अब Elon Musk की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं. आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को वरदान माना जा रहा था लेकिन एआई खासतौर से महिलाओं की सुरक्षा के लिए एक गंभीर खतरा बन गया है.ग्रोक एआई द्वारा महिलाओं की आपत्तिजनक तस्वीरें बनाए जाने के बाद से इस एआई टूल पर विवाद गहरा गया है और इसके दुरुपयोग को लेकर अब एलन मस्क सवालों के घेरे में आ गए हैं.
टेलीग्राफ की रिपोर्ट के मुताबिक, UK के PM Keir Starmer ने X के AI चैटबॉट, ग्रोक के अश्लील तस्वीरें बनाने की बात सामने आने के बाद मीडिया रेगुलेटर ऑफिस ऑफ़ कम्युनिकेशंस (Ofcom) से सभी ऑप्शन्स पर विचार करने के लिए कहा था.
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री की X को चेतावनी
रिपोर्ट में बताया गया है कि ब्रिटेन के प्रधानमंत्री ने X को फोन कर इस बात की चेतावनी भी दी है कि प्लेटफॉर्म से सभी अश्लील कंटेंट को हटाएं. हम इस मामले में एक्शन लेंगे क्योंकि इस तरह की चीजें बिल्कुल भी बर्दाश्त के लायक नहीं है. UK के PM की यह चेतावनी ऐसे समय में आई है जब X के AI Grok का इस्तेमाल कर महिलाओं की कम कपड़ों में हजारों अश्लील तस्वीरें बनाई गईं.
यूके में है इतने यूजर
टेलीग्राफ ने 10 डाउनिंग स्ट्रीट के सूत्रों का हवाला देते हुए बताया कि ऑनलाइन सेफ्टी एक्ट में पूरी ताकत है, जिसमें अरबों पाउंड का जुर्माना या ब्रिटेन में X का एक्सेस ब्लॉक करना भी शामिल है. X के दुनिया भर में लगभग 650 मिलियन यूज़र हैं, जिसमें UK में 20 मिलियन (लगभग 2 करोड़) यूजर शामिल हैं.
रिपोर्ट में बताया गया है कि X पर बैन लगाने से पहले रेगुलेटर को कानूनी प्रक्रिया (जिसमें जांच, प्रारंभिक फैसला और कंपनी को जवाब देने का मौका) का पालन करना होगा. अगर कंपनी Ofcom की चिंताओं को दूर करने में नाकाम रही तो कंपनी की साइट को ब्रिटेन में बैन किया जा सकता है.
भारत में भी बढ़ सकती है X की मुश्किल
सिर्फ ब्रिटेन में ही नहीं बल्कि भारत में भी X की मुश्किलें बढ़ सकती हैं क्योंकि AI के दुरुपयोग ने सभी को सोचने पर भी मजबूर कर दिया है कि X पर हमारी तस्वीरें कितनी सुरक्षित हैं?
RS MP प्रियंका चतुर्वेदी ने कुछ समय पहले केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव को लेटर लिखा है जिसमें एआई टूल्स का गलत इस्तेमाल कर महिलाओं की अश्लील तस्वीरों के मामले में चिंता जताई है और सरकार से महिलाओं के अधिकारों की रक्षा के लिए कदम उठाने की अपील की है.