Grok मिसयूज़ पर कड़ा एक्शन, Elon Musk का X यूज़र्स को अलर्ट

Grok मिसयूज़ पर कड़ा एक्शन, Elon Musk का X यूज़र्स को अलर्ट

एलन मस्क की सोशल मीडिया कंपनी X (पहले ट्विटर) ने अवैध कंटेंट को लेकर बड़ा फैसला लिया है. कंपनी ने साफ किया है कि अवैध और अश्लील कंटेंट पोस्ट करने या AI टूल Grok से ऐसा कंटेंट बनाने वालों के अकाउंट हमेशा के लिए बैन किए जाएंगे. X जरूरत पड़ने पर स्थानीय सरकारों और कानून एजेंसियों के साथ भी सहयोग करेगा. सोशल मीडिया कंपनी का यह बयान भारत सरकार की सख्त चेतावनी के बाद आया है.
अवैध कंटेंट पर X की नई पॉलिसी
PTI की रिपोर्ट के अनुसार, X के ग्लोबल गवर्नमेंट अफेयर्स अकाउंट ने कहा है कि प्लेटफॉर्म पर किसी भी तरह का अवैध कंटेंट बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. इसमें खास तौर पर बाल यौन शोषण कंटेंट जैसे गंभीर मामलों को शामिल किया गया है. ऐसे कंटेंट को तुरंत हटाया जाएगा और उसे अपलोड करने वाले अकाउंट्स को हमेशा के लिए सस्पेंड किया जाएगा. जरूरत पड़ने पर स्थानीय सरकारों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ भी सहयोग किया जाएगा.
Grok AI के दुरुपयोग पर होगी सख्त कार्रवाई
एलन मस्क ने साफ किया है कि Grok AI का इस्तेमाल कर अवैध कंटेंट बनाने वालों को भी वही सजा मिलेगी जो सीधे पोस्ट करने वालों को दी जाती है. उन्होंने कहा कि AI के जरिए गलत तस्वीरें या कंटेंट बनाना भी कानूनन अपराध के दायरे में आता है. एक्स का कहना है कि Grok से बने कंटेंट पर भी प्लेटफॉर्म की पॉलिसी पूरी तरह लागू होंगी.
भारत सरकार ने X को दिया था निर्देश
भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय ने 2 जनवरी को X को निर्देश दिया था कि वह तुरंत सभी अश्लील, आपत्तिजनक और गैरकानूनी कंटेंट हटाए. खास तौर पर Grok AI से बनाए गए कंटेंट पर सख्त नजर रखने को कहा गया है. मंत्रालय ने X से 72 घंटे के भीतर एक्शन टेकन रिपोर्ट (Action Taken Report) जमा करने को भी कहा है. चेतावनी दी गई है कि नियमों का पालन न करने पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है.
अश्लील कंटेंट और राजनीतिक प्रतिक्रिया
सरकार को शिकायतें मिली थीं कि X पर महिलाओं की फर्जी और अश्लील तस्वीरें शेयर की जा रही हैं. राज्यसभा सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने इस मुद्दे पर केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव को पत्र लिखकर हस्तक्षेप की मांग की थी. आदेश में कहा गया है कि Grok AI का इस्तेमाल कर महिलाओं को अपमानित करने वाला कंटेंट बनाया जा रहा है, जो कानून का सीधा उल्लंघन है. इसी के बाद X पर दबाव और कार्रवाई तेज हुई है.